“भारतीय टेलीविजन के इतिहास में यदि कोई किरदार यादगार रहा है, तो वह है ‘तुलसी वीरानी’ — और उसे निभाने वाली अभिनेत्री स्मृति ईरानी। अब खबर है कि 25 साल बाद वह इस आइकॉनिक किरदार में फिर से छोटे पर्दे पर वापसी कर रही हैं।“
जी हां, ‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’ (Kyunki Saas Bhi Kabhi Bahu Thi) अब फिर से नए अंदाज में लौटने जा रहा है और इसके साथ ही स्मृति ईरानी की एक्टिंग में वापसी की अटकलें अब पक्की हो चुकी हैं।
स्मृति ईरानी ने खुद किया खुलासा
एक इंटरव्यू के दौरान स्मृति ईरानी ने अपने कमबैक को लेकर चुप्पी तोड़ते हुए कहा:
“मैं अब पार्ट-टाइम एक्ट्रेस हूं, लेकिन जब ‘तुलसी’ की बात हो, तो दिल कुछ और कहता है।”
उन्होंने आगे बताया कि एक्टिंग उनके दिल के बेहद करीब है, लेकिन राजनीति और सार्वजनिक जीवन की जिम्मेदारियों के चलते यह आसान फैसला नहीं था। बावजूद इसके, उन्होंने अपने करियर की शुरुआत की जड़ों की ओर लौटने का फैसला किया।
‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’ का रिटर्न: क्या होगा नया?
एकता कपूर का ये सुपरहिट डेली सोप 2000 के दशक की शुरुआत में भारतीय टेलीविजन का चेहरा बदलने वाला शो साबित हुआ था। अब जब इसका रीबूट या सीक्वल वर्जन लौट रहा है, तो दर्शकों में भारी उत्साह देखा जा रहा है।
इस बार कहानी में नए ट्विस्ट, मॉडर्न सेटअप और तकनीकी उन्नति के साथ, पुराने किरदारों को भी नए ढंग से पेश किया जाएगा।
तुलसी का किरदार क्यों है इतना खास?
‘तुलसी’ सिर्फ एक बहू नहीं, बल्कि संस्कार, शक्ति, संघर्ष और नारी सशक्तिकरण का प्रतीक बन चुकी है।
इस किरदार ने स्मृति ईरानी को घर-घर में पहचान दिलाई और उनके करियर की नींव रखी।
शो में तुलसी की छवि एक ऐसी महिला की थी जो परिवार की रीढ़ है और अपने सिद्धांतों के लिए किसी से भी टकरा सकती है।
राजनीति से पर्दे तक: स्मृति ईरानी का सफर
- 2000 में ‘तुलसी’ से करियर की शुरुआत
- 2010 के बाद राजनीति में सक्रिय हुईं
- 2014 में भाजपा से सांसद बनीं
- वर्तमान में केंद्रीय मंत्री हैं
अब इतने वर्षों बाद उनका दोबारा पर्दे पर लौटना, फैंस के लिए भावनात्मक और प्रतीकात्मक दोनों ही अनुभव होने वाला है।
सोशल मीडिया पर मचा उत्साह
जैसे ही स्मृति ईरानी की वापसी की खबर सामने आई, #TulsiIsBack और #SmritiIraniComeback जैसे हैशटैग्स ट्रेंड करने लगे।
लोगों ने ट्विटर, इंस्टाग्राम और फेसबुक पर पुरानी यादें साझा करनी शुरू कर दीं और शो के रीलॉन्च को लेकर उत्सुकता ज़ाहिर की।
प्रोडक्शन की तैयारी जोरों पर
- शो का निर्माण फिर से Balaji Telefilms के बैनर तले हो रहा है
- 2025 के अंत तक यह शो लॉन्च किया जा सकता है
- प्लेटफॉर्म की पुष्टि नहीं, लेकिन OTT और TV दोनों की संभावना
- पुरानी स्टारकास्ट के कुछ चेहरे लौट सकते हैं, जबकि नई पीढ़ी के कलाकार भी जोड़े जाएंगे
विशेषज्ञ क्या कहते हैं?
टेलीविजन विश्लेषकों के अनुसार, स्मृति ईरानी का यह कमबैक सिर्फ एक्टिंग की वापसी नहीं, बल्कि एक क्लासिक ब्रांड के पुनर्जीवन की शुरुआत है।
यह शो nostalgia के साथ-साथ आज की पीढ़ी को भी जोड़ने का काम कर सकता है।
स्मृति ईरानी की वापसी से यह साफ है कि कुछ किरदार और कहानियां कभी खत्म नहीं होतीं, वो सिर्फ इंतज़ार करवाती हैं दोबारा लौटने का।
‘क्योंकि सास भी कभी बहू थी’ के रीबूट के साथ, भारतीय टेलीविजन शायद फिर से एक भावनात्मक, पारिवारिक और सशक्त कहानी की ओर लौटने को तैयार है।
