“देश के विभिन्न हिस्सों में जारी मानसून की मूसलाधार बारिश के कारण ओडिशा में बाढ़ का संकट गहराने लगा है। खासकर उत्तरी ओडिशा के बालासोर और मयूरभंज जिलों में हालात गंभीर हैं। ऐसे में राज्य सरकार पूरी तरह से अलर्ट मोड पर काम कर रही है।“
मंत्री सुरेश पुजारी ने दी स्थिति की जानकारी
ओडिशा के राजस्व और आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने मीडिया से बातचीत में बताया कि,
“सरकार ने बाढ़ से निपटने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए हैं। हमारी प्राथमिकता प्रभावित लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।”
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार ने सभी विभागों को सक्रिय कर दिया है और स्थानीय प्रशासन के साथ समन्वय बनाकर राहत कार्य को प्राथमिकता दी जा रही है।
1,100 से अधिक लोगों को सुरक्षित निकाला गया
- 1,100+ लोग निचले और बाढ़ प्रभावित इलाकों से हटाकर सुरक्षित आश्रयों में पहुंचाए गए हैं।
- अस्थायी शिविरों में भोजन, साफ पानी, चिकित्सा और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।
- बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को प्राथमिकता दी जा रही है।
नदियों के जलस्तर पर विशेष निगरानी
स्वर्णरेखा और बुधबलंगा नदियों के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है।
मंत्री ने बताया कि, “झारखंड से आने वाले पानी को लेकर सावधानियां बरती जा रही हैं। संवेदनशील क्षेत्रों में अलर्ट जारी किया गया है।”
राहत और बचाव दल सक्रिय
- ओडीआरएएफ (ODRAF) और फायर सर्विस यूनिट्स तैनात हैं
- जरूरत पड़ने पर एनडीआरएफ की अतिरिक्त टीमें तैनात की जाएंगी
- दूरदराज के गांवों में नावों और मोटरबोट की सहायता ली जा रही है
मुख्यमंत्री नजर बनाए हुए हैं
सीएम मोहन चरण माझी हर घंटे अपडेट ले रहे हैं और उन्होंने सभी जिला कलेक्टरों से तेजी से कार्य करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि राज्य सरकार हरसंभव मदद के लिए प्रतिबद्ध है।
जनता से शांति बनाए रखने की अपील
मंत्री सुरेश पुजारी ने जनता से अपील की:
“घबराने की जरूरत नहीं है। सभी लोग स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करें और अफवाहों से बचें।”
