नई दिल्ली में मंगलवार को आयोजित होने वाली क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक पर दुनिया की नजर टिकी हुई है। इस अहम बैठक में भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के विदेश मंत्री हिंद-प्रशांत क्षेत्र की सुरक्षा, पश्चिम एशिया संकट और वैश्विक आर्थिक चुनौतियों पर चर्चा करेंगे। भारत की ओर से विदेश मंत्री S. Jaishankar बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इस बार की क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि दुनिया इस समय कई बड़े भू-राजनीतिक संकटों का सामना कर रही है। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और समुद्री व्यापार मार्गों पर खतरे को लेकर सदस्य देशों के बीच रणनीतिक सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा। इसके अलावा हिंद-प्रशांत क्षेत्र में चीन की बढ़ती गतिविधियों पर भी चर्चा होने की संभावना है।
बैठक में क्रिटिकल मिनरल, तकनीक, साइबर सुरक्षा और सप्लाई चेन को मजबूत बनाने जैसे मुद्दे भी एजेंडे में शामिल रहेंगे। भारत इस समय क्वाड समूह की अध्यक्षता कर रहा है, इसलिए नई दिल्ली में हो रही यह बैठक भारत की बढ़ती वैश्विक भूमिका को भी दर्शाती है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह बैठक क्षेत्रीय सुरक्षा और आर्थिक सहयोग को नई दिशा दे सकती है।
FAQ
प्रश्न 1: क्वाड समूह में कौन-कौन से देश शामिल हैं?
क्वाड में भारत, अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया शामिल हैं।
प्रश्न 2: क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक का मुख्य उद्देश्य क्या है?
हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सुरक्षा, आर्थिक सहयोग और रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करना इसका मुख्य उद्देश्य है।
प्रश्न 3: बैठक में किन मुद्दों पर चर्चा होगी?
पश्चिम एशिया संकट, समुद्री सुरक्षा, तकनीकी सहयोग और क्रिटिकल मिनरल सप्लाई चेन पर चर्चा होगी।
Jai Sharma | Suryoday Samachar

