देश की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है क्योंकि 5 राज्यों के विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान चुनाव आयोग करने जा रहा है। चुनाव आयोग आज शाम प्रेस कॉन्फ्रेंस में पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में होने वाले चुनावों का पूरा कार्यक्रम जारी करेगा। इन सभी विधानसभाओं का कार्यकाल मई तक समाप्त हो रहा है, इसलिए समय पर नई सरकार चुनने के लिए चुनाव कराए जाएंगे।
सूत्रों के मुताबिक इस बार 5 राज्यों के विधानसभा चुनाव अलग-अलग चरणों में कराए जा सकते हैं। पश्चिम बंगाल, असम और तमिलनाडु में दो चरणों में मतदान होने की संभावना है, जबकि केरल और पुडुचेरी में एक ही चरण में वोटिंग हो सकती है।
इन चुनावों से पहले मतदाता सूची में भी बड़ा बदलाव देखने को मिला है। स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के बाद कई राज्यों में लाखों मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं। तमिलनाडु में सबसे ज्यादा नाम कटे हैं, जबकि पश्चिम बंगाल दूसरे स्थान पर है।
राजनीतिक दलों ने भी चुनावी रणनीति तेज कर दी है। पश्चिम बंगाल में टीएमसी और भाजपा के बीच कड़ा मुकाबला माना जा रहा है। असम में भाजपा लगातार तीसरी बार सरकार बनाने की कोशिश करेगी। वहीं तमिलनाडु और केरल में भी सियासी समीकरण बदलते नजर आ रहे हैं।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि 5 राज्यों के विधानसभा चुनाव का असर आने वाले राष्ट्रीय राजनीतिक माहौल पर भी दिखाई दे सकता है।
Jai Sharma | Suryoday Samachar
FAQ
1. 5 राज्यों के विधानसभा चुनाव किन राज्यों में होंगे?
पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव होंगे।
2. चुनाव की तारीखों का ऐलान कौन करेगा?
भारत का चुनाव आयोग प्रेस कॉन्फ्रेंस में चुनाव कार्यक्रम की घोषणा करेगा।
3. क्या चुनाव अलग-अलग चरणों में होंगे?
संभावना है कि कुछ राज्यों में दो चरणों और कुछ में एक चरण में मतदान कराया जाएगा।

