“गाजा में युद्धविराम समझौते के तहत हमास ने शनिवार को तीन इजरायली बंधकों को रिहा कर दिया। इसके बदले में इजरायल 369 फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा करेगा। यह बंधकों और कैदियों की छठी अदला-बदली है, जो इस युद्धविराम समझौते के तहत हो रही है।“
रिहा किए गए इजरायली बंधक:
अलेक्जेंडर ट्रोफानोव (29 वर्षीय, रूसी-इजरायली)
यायर हॉर्न (46 वर्षीय, अर्जेंटीनी-इजरायली)
सगुई डेकेल-चेन (36 वर्षीय, अमेरिकी-इजरायली)
इन तीनों को 7 अक्टूबर 2023 के हमले के दौरान गाजा के पास स्थित किबुत्ज नीर ओज से हमास ने बंधक बना लिया था। रेड क्रॉस ने इन बंधकों को हमास से लेकर इजरायल तक सुरक्षित पहुंचाया।
अब तक कितने बंधकों और कैदियों की अदला-बदली हुई?
हमास ने अब तक 16 इजरायली और 5 थाई नागरिकों को रिहा किया।
इजरायल ने कुल 766 फिलिस्तीनी कैदियों को छोड़ा।
हालांकि, यह समझौता तनावपूर्ण परिस्थितियों में हुआ है। इससे पहले हमास ने सोमवार को ऐलान किया था कि वह शनिवार को बंधकों को रिहा नहीं करेगा। इस घोषणा के बाद युद्धविराम को लेकर शंकाएं गहरा गई थीं।
हमास और इजरायल के बीच बढ़ता तनाव
हमास का आरोप है कि इजरायल गाजा में राहत सामग्री पहुंचने से रोक रहा है। इजरायल ने इस दावे को खारिज कर दिया है। इस बयान के बाद दोनों पक्षों के बीच तनाव और बढ़ गया।
ट्रंप और नेतन्याहू की चेतावनी:
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी कि अगर शनिवार तक सभी बंधकों को रिहा नहीं किया गया, तो हालात और बिगड़ सकते हैं।
इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि अगर दोपहर तक बंधकों को रिहा नहीं किया गया, तो इजरायल गाजा में सैन्य अभियान फिर से तेज कर देगा।
गाजा युद्धविराम की स्थिति और आगे क्या होगा?
युद्धविराम समझौते के तहत बंधकों और कैदियों की अदला-बदली जारी रहेगी।
अगर समझौते का पालन नहीं हुआ, तो इजरायल गाजा में फिर से सैन्य अभियान तेज कर सकता है।
अमेरिका और अन्य देशों की मध्यस्थता युद्ध को रोकने के लिए कोशिशें जारी रखेंगी।
