“ संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने गुरुवार को घोषणा की कि केंद्र सरकार संसद के आगामी मानसून सत्र से पहले 19 जुलाई को सर्वदलीय बैठक बुलाएगी। यह सत्र 21 जुलाई से 21 अगस्त 2025 तक चलेगा, और स्वतंत्रता दिवस समारोह के कारण 13 और 14 अगस्त को संसद की बैठकें नहीं होंगी।“
सर्वदलीय बैठक का उद्देश्य
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने इस संबंध में एक्स पर एक पोस्ट में कहा, “भारत के राष्ट्रपति ने 21 जुलाई से 21 अगस्त 2025 तक संसद का मानसून सत्र बुलाने के सरकार के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।” इस बैठक में सरकार ने सभी विपक्षी दलों को आमंत्रित किया है ताकि वे संसद सत्र के एजेंडे और प्रमुख मुद्दों पर चर्चा कर सकें।
यह मानसून सत्र जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 7 मई को हुए आतंकवादी हमले के बाद शुरू होने वाला पहला सत्र होगा। विपक्षी नेताओं ने इस हमले और अन्य मुद्दों पर चर्चा करने के लिए एक विशेष सत्र की मांग की थी, जिससे इस सत्र की अहमियत और बढ़ जाती है।
2025 के बजट सत्र का ब्योरा
इससे पहले, 2025 के बजट सत्र में कुल 26 बैठकें हुईं, जिनमें वक्फ संशोधन विधेयक सहित कई महत्वपूर्ण विधेयक पारित किए गए थे। बजट सत्र की समाप्ति के बाद केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया था कि बजट सत्र के पहले भाग में लोकसभा और राज्यसभा की कुल 9 बैठकें हुईं, जबकि दूसरे भाग में 17 बैठकें हुईं।
सत्र के दूसरे भाग में, रेलवे, जल शक्ति और कृषि मंत्रालयों की अनुदान मांगों पर लोकसभा में चर्चा की गई और मतदान किया गया। इसके बाद 21 मार्च 2025 को अन्य मंत्रालयों की अनुदान मांगों को पारित किया गया। इसके अलावा, वित्त विधेयक, 2025 को 25 मार्च को लोकसभा में पारित किया गया, और राज्य सभा में शिक्षा, रेलवे, स्वास्थ्य, गृह मंत्रालयों पर चर्चा हुई।
आगामी मानसून सत्र की महत्वता
सरकार और विपक्ष के बीच महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। पहलगाम हमले के बाद से आतंकवाद, जम्मू-कश्मीर की सुरक्षा स्थिति, और अन्य राष्ट्रीय मुद्दों पर बातचीत हो सकती है। साथ ही, बजट से संबंधित अन्य विधेयकों पर भी चर्चा की जाएगी, जैसे कि अनुपूरक अनुदान और विनियोग विधेयक।
यह सत्र देश के लिए बहुत अहम हो सकता है, क्योंकि इसमें देश की सुरक्षा और आर्थिक स्थिति पर भी गहन चर्चा हो सकती है। विपक्षी दलों के साथ सर्वदलीय बैठक में इन मुद्दों पर मंथन होगा, जो मानसून सत्र के एजेंडे को प्रभावित करेगा।
