कैंसर – एक ऐसा शब्द जो सुनते ही भय, चिंता और असहायता की भावना पैदा करता है। अधिकांश लोग मानते हैं कि यह बीमारी केवल उन लोगों को होती है जो धूम्रपान, शराब, जंक फूड, या प्रदूषण के संपर्क में रहते हैं। लेकिन कई मामलों में ऐसे व्यक्ति भी कैंसर से ग्रसित हो जाते हैं जिनमें कोई स्पष्ट रिस्क फैक्टर नहीं होता।

तो आखिर बिना रिस्क फैक्टर्स कैंसर का कारण क्या है?

डॉक्टर तरंग कृष्णा का जवाब: “Constant Irritation Causes Cancer”

प्रसिद्ध वैलनेस विशेषज्ञ और चिकित्सक डॉ. तरंग कृष्णा का मानना है कि कैंसर केवल शारीरिक कारणों से नहीं होता, बल्कि इसके पीछे कई बार हमारी भावनात्मक, मानसिक और आंतरिक स्थितियां भी जिम्मेदार होती हैं। उन्होंने कहा:

“Constant Irritation Causes Cancer”
अर्थात् लगातार मानसिक, भावनात्मक या शारीरिक तनाव और असंतुलन भी इस गंभीर बीमारी का कारण बन सकते हैं।

क्या होता है ‘Constant Irritation’?

इसका तात्पर्य है शरीर और मन में लगातार चलने वाली अप्रकट समस्याएं, जैसे:

  • क्रोध या कुंठा को दबाना
  • लंबे समय से चली आ रही चिंता या डर
  • तनावपूर्ण रिश्ते
  • अधूरी नींद या असंतुलित जीवनशैली
  • जीवन में निरंतर असंतोष

ये सारे फेक्टर शरीर के इम्यून सिस्टम को धीरे-धीरे कमजोर करते हैं और कोशिकाओं में असामान्य बदलाव लाने का मार्ग खोलते हैं।

वैज्ञानिक दृष्टिकोण: कैसे तनाव प्रभावित करता है शरीर को?

  • क्रोनिक स्ट्रेस शरीर में कॉर्टिसोल और एड्रेनालिन जैसे हार्मोन की मात्रा बढ़ा देता है।
  • ये हार्मोन लंबे समय तक ऊंचे स्तर पर रहने से सेलुलर डैमेज और DNA म्यूटेशन की संभावना बढ़ती है।
  • इससे शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली (इम्यून सिस्टम) कमजोर होती है और ट्यूमर बनने की प्रक्रिया शुरू हो सकती है।

बिना रिस्क फैक्टर्स कैंसर के अन्य संभावित कारण

  1. जेनेटिक म्यूटेशन (Genetic Predisposition):
    • कभी-कभी व्यक्ति के परिवारिक इतिहास में कैंसर रहा हो तो रिस्क बिना अन्य कारणों के भी हो सकता है।
  2. हॉर्मोनल असंतुलन:
    • कुछ हार्मोन जैसे एस्ट्रोजन या थायरॉइड का असंतुलन भी कोशिकाओं को असामान्य रूप से विभाजित कर सकता है।
  3. छिपे हुए इंफेक्शन:
    • जैसे HPV (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) या H. pylori का संक्रमण कैंसर का कारण बन सकता है, भले ही अन्य रिस्क फैक्टर मौजूद न हों।
  4. एनवायरमेंटल ट्रिगर्स:
    • कुछ लोगों को केमिकल्स, कीटनाशकों या प्रदूषण के न्यूनतम संपर्क से भी कैंसर हो सकता है।

डॉक्टर की सलाह: कैसे कम करें अंदरूनी स्ट्रेस?

1. नियमित ध्यान और योग करें

  • माइंडफुलनेस मेडिटेशन और योग शरीर और मन दोनों को संतुलन में रखते हैं।

2. अपनी भावनाओं को अभिव्यक्त करें

  • गुस्सा, दुख, डर जैसे भावनाओं को दबाएं नहीं, उन्हें जागरूक रूप से स्वीकार करें

3. हेल्दी स्लीप और डाइट

  • संतुलित नींद, प्राकृतिक आहार, और हाइड्रेशन शरीर की हीलिंग कैपेसिटी को बढ़ाते हैं।

4. मानसिक स्वास्थ्य की देखभाल

  • समय-समय पर थेरेपी या काउंसलिंग लेना कोई कमजोरी नहीं, बल्कि जागरूकता का प्रतीक है।

क्या कैंसर पूरी तरह रोका जा सकता है?

हर कैंसर को रोका नहीं जा सकता, लेकिन रिस्क को कम किया जा सकता है, खासकर अगर हम:

  • तनावमुक्त जीवन अपनाएं
  • संवेदनशील मानसिक स्वास्थ्य को प्राथमिकता दें
  • स्वस्थ जीवनशैली और नियमित जांच को अपनी दिनचर्या बनाएं

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