“दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन का नाम बदलने की मांग उठाई है। मुख्यमंत्री ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को एक पत्र लिखकर पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन का नाम ‘महाराजा अग्रसेन रेलवे स्टेशन’ करने का अनुरोध किया है। यह मांग दिल्ली मेडिकल फोरम के डॉक्टर्स द्वारा मुख्यमंत्री से मुलाकात के बाद की गई, जिसमें उन्होंने यह प्रस्ताव रखा था।“
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इस पर मीडिया से बात करते हुए कहा,
“समाज के लोगों ने इस मुद्दे पर गुजारिश की थी, और इस आधार पर हमने उनका समर्थन करते हुए रेल मंत्री को पत्र भेजा है। बाकी निर्णय रेल मंत्री का होगा।”
सीएम रेखा गुप्ता ने डॉक्टर्स डे पर दी बधाई
इस अवसर पर, मुख्यमंत्री ने डॉक्टर्स डे के मौके पर देश और दुनिया भर के डॉक्टरों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि,
“हम सभी को मिलकर उत्कृष्ट चिकित्सा बुनियादी ढांचा और उच्च गुणवत्ता वाली चिकित्सा सुविधाएं विकसित करनी चाहिए और दिल्ली को एक मेडिकल हब बनाना चाहिए।”
मुख्यमंत्री ने इस दिन का महत्व भी बताया और डॉक्टर्स के योगदान को सराहा।
पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन का नाम ‘महाराजा अग्रसेन’ रखने की मांग का आधार
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने रेल मंत्री को भेजे गए पत्र में महाराजा अग्रसेन के सामाजिक न्याय, आर्थिक दूरदर्शिता और सामुदायिक कल्याण के प्रतीक के रूप में सम्मान देने की बात की। पत्र में उल्लेख किया गया कि:
“महाराजा अग्रसेन के अनुयायी और वंशज दिल्ली के आर्थिक और सांस्कृतिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उनके योगदान को सम्मान देने के लिए पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन का नाम ‘महाराजा अग्रसेन रेलवे स्टेशन’ रखा जाए।”
उन्होंने यह भी कहा कि इस कदम से दिल्ली के लाखों निवासियों की भावनाओं को सम्मान मिलेगा और उनका योगदान सन्मानित होगा।
महाराजा अग्रसेन का ऐतिहासिक योगदान
महाराजा अग्रसेन को एक महान समाज सुधारक और दूरदर्शी राजा के रूप में जाना जाता है। उनके कार्यों ने न केवल सामाजिक न्याय को बढ़ावा दिया बल्कि आर्थिक समृद्धि और सामुदायिक कल्याण को भी प्राथमिकता दी। उनके अनुयायी दिल्ली सहित विभिन्न क्षेत्रों में विभिन्न समुदायों के सामाजिक और सांस्कृतिक विकास में सक्रिय रूप से भाग ले रहे हैं।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का यह प्रस्ताव उनके योगदान को सम्मानित करने और दिल्ली की सांस्कृतिक धरोहर को मान्यता देने का प्रयास है।
रेल मंत्री का निर्णय: भविष्य में क्या हो सकता है?
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को भेजे गए पत्र में, मुख्यमंत्री ने उनके व्यक्तिगत हस्तक्षेप की सराहना की और इस प्रस्ताव पर जल्द और सकारात्मक विचार करने की अपील की। हालांकि, अंतिम निर्णय रेल मंत्रालय का होगा, लेकिन इस प्रस्ताव के पीछे की भावना दिल्लीवासियों की भावनाओं को सम्मान देना और महाराजा अग्रसेन के योगदान को मान्यता देना है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का यह कदम पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन का नाम बदलने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल हो सकता है। महाराजा अग्रसेन के योगदान को सम्मानित करने के लिए उनका नाम रेलवे स्टेशन पर रखना, दिल्ली के सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहर को मान्यता देने का एक बड़ा कदम साबित हो सकता है। यह कदम दिल्ली के निवासियों की भावनाओं को भी ध्यान में रखकर उठाया गया है, और यह भारतीय रेलवे की यात्रा में एक नया अध्याय जोड़ सकता है।
